करंट की चपेट में आकर बेहड़ा अस्सा के किसान की मौत, सदमें में पूरा गांव

पशुओं के लिए चारा काटने के दौरान हुआ हादसा, विद्युत मोटर में आए करंट की चपेट में आकर हुई मौत
 
Devendra dhiman



अमित सैनी, प्रधान संपादक

मुजफ्फरनगर। बिजली का करंट लगने से बेहड़ा अस्सा निवासी हरदिल अजीज किसान देवेंद्र धीमान की दर्दनाक तरीके से मौत हो गई है। हालांकि उन्हें बचाने के लिए ग्रामीणों ने भरसक कोशिश की और एक अस्पताल से दूसरे अस्पताल के चक्कर काटते रहे। मगर कुदरत को शायद कुछ और ही मंजूर था। किसान की मौत से पूरे गांव में शोक की लहर है।

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दरअसल, सिखेड़ा थाना इलाके के बेहड़ा अस्सा गांव निवासी किसान देवेंद्र धीमान रोजाना की भांति आज भी पशुओं के लिए चारा काटने के लिए अपने घर से घेर में पहुंचा था। जैसे ही देवेंद्र धीमान ने चारा मशीन चलाई, वैसे ही मोटर में आए करंट की चपेट में आकर नीचे गिर गया। हादसे के वक्त के वक्त घेर में कोई नहीं था, जिस कारण हादसे का पता करीब 20 मिनट बाद उस वक्त चला, जब किसी ने देवेंद्र को चारा मशीन के पास पड़ा देखा। शोर-शराबा होने पर लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई और विद्युत सप्लाई बंद कर देवेंद्र को तत्काल अलग किया गया। आनन-फानन में डॉक्टर को बुलाया गया, जिसने तुरंत उसे मुजफ्फरनगर ले जाने की सलाह दी। जिस वजह से देवेंद्र को तत्काल ही एक निजी कार में डालकर मुजफ्फरनगर ले गए। सबसे पहले भोपा रोड स्थित आनंद हॉस्पिटल में ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने अपने हाथ खड़े कर दिए। जिसके तुरंत बाद गाड़ी को तुरंत ईवान हॉस्पिटल की तरफ मोड़ दिया गया, लेकिन यहां पहुंचने पर चिकित्सकों ने किसान को मृत घोषित कर दिया।

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चारों बच्चें बाहर, समाज हुआ एकजुट!
किसान देवेंद्र के कुल 4 बेटे हैं, जो कि जिले से बाहर कार्यरत है। हादसे के वक्त भी कोई घर पर मौजूद नहीं था। बावजूद इसके धीमान समाज ने एकजुटता दिखाई और एक के बाद एक करके बेहड़ा अस्सा और दाहखेड़ी गांव समेत आसपास के गांवों में रहने वाले धीमान समाज के काफी संख्या में लोग अस्पताल पहुंच गए। हालांकि तब तक बहुत देर हो चुकी थी और चिकित्सक किसान को मृत घोषित कर चुके थे।

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समाज सेवा में रहते थे सबसे आगे
किसान परिवार में पैदा हुए देवेंद्र धीमान पेशे से उम्दा किस्म के वेल्डर और मिस्त्री भी थे। साथ ही साथ देवेंद्र धीमान समाज सेवा में भी सबसे आगे रहते थे। किसी ने एक बार अगर मदद के लिए झूठे से भी कह दिया तो वो अपना सारा काम धंधा छोड़कर उसके साथ खड़ा हो लिया करते थे।
 

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गांव में शोक की लहर
इस हादसे से बेहड़ा अस्सा गांव में शोक की लहर है। हरदिल अजीज देवेंद्र धीमान के साथ हुए इस हादसे से हर कोई सकते में हैं। खुद मिस्त्री होकर भी वो इस तरह से बिजली की चपेट में आकर इस दुनिया को इस तरह से अलविदा कह देंगे, इस बात पर किसी को भी सहज यकीन नहीं हो रहा है।