मुजफ्फरनगर में फैक्ट्री की गर्म राख में झुलसे चाचा-भतीजा, हालत गंभीर

ईंधन के लिए नहर की पटरी पर लकड़ी लेने गए थे दोनों

 
मुजफ्फरनगर

मुजफ्फरनगर। गंगनहर पटरी पर जौली इलाके में ठेकेदार द्वारा सिंचाई विभाग की भूमि पर डाली गई गर्म राख में लकड़ी बीनने गए चाचा भतीजे झुलस कर गंभीर रूप से जख्मी हो गए। उनको गंभीर हालत में जिला चिकित्सालय रेफर किया गया। जहां उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है। घटनास्थल पर पहुंची भोपा पुलिस ने जांच पडताल की है। वहीं गर्म राख से हो रही मानवीय क्षति को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने राख डालने वाले ठेकेदार के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

दरअसल भोपा थाना इलाके के गांव नगला बुजुर्ग के पास जौली गंग नहर पटरी पर सिंचाई विभाग की भूमि पर ठेकेदार ने काली राख के ढेर लगा दिए हैं। जहां थाना सिखेडा इलाके के ग्राम भिक्की निवासी 30 वर्षीय मोमीन और उसका 20 वर्षीय भतीजा सैफ अली मंगलवार की दोपहर रेहडा लेकर ईंधन के लिए गंगनहर पटरी से लकड़ियां चुन रहे थे। जैसे ही वो नंगला बुजुर्ग गांव की ओर पहुंचे तो नहर पटरी किनारे पड़ी राख में मोमीन धंस गया। गर्म राख में धंसने पर मोमीन ने शोर मचाया। उसको बचाने के लिए गया सैफ अली भी राख में धंस गया। किसी प्रकार दोनों राख से बाहर निकले तब तक दोनों चाचा भतीजों के शरीर की त्वचा जल चुकी थी।

सूचना पर पहुंची एंबुलेंस से घायलों को भोपा सीएचसी पर लाया गयाजहां से प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत में जिला चिकित्सालय रेफर किया गया। बता दें कि बीती 9 जुलाई को इसी गर्म राख में धंसकर नगला बुजुर्ग निवासी युवक नबी घायल हो गया था जिसका दिल्ली अस्पताल में उपचार जारी है। इस मामले में नंगला बुजुर्ग निवासी ठेकेदार इरफान उर्फ भूरा, उसके पुत्र गुलमो और आसिफ के खिलाफ भोपा पुलिस द्वारा मुकदमा दर्ज किया था। घटना को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है।