पीलीभीत में मरने के बाद भी मजदूरी कर रहें 400 मनरेगा मजदूर

डीसी मनरेगा से 2 दिनों में मांगी मामले की जांच

 
पीलीभीत

  • रिपोर्टः महेश कौशल

पीलीभीत। उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में घोटालों की परत लगातार खुलती जा रही है। अभी 10 करोड़ की सरकारी जमीन बेचने का घोटाला थमा भी नहीं था, कि केंद्र सरकार की मनरेगा जैसी महत्वाकांक्षी योजना में भी अफसर भ्रष्टाचार और घोटाला करने में नही चूके

दरअसल पूरनपुर ब्लाक के धर्मापुर गांव में कागजों में 400 मृतक मनरेगा मजदूरों से पिछले 2 वर्षो से मजदूरी कराई जा रही है, जिसका पैसा भी लगातार निकाला जा रहा है । सचिव, प्रधान और रोजगार सेवक सहित ब्लाक के अधिकारियों के संरक्षण में घोटाले का सिंडिकेट चलता रहा और मनरेगा जैसी महत्वाकांक्षी योजना के जरिए अधिकारी घोटाला करते रहे, यह मामला एक गांव का नही है यदि मामले में निष्पक्ष जांच हो तो जिले भर में सैकड़ो गांव में भृष्टाचार और घोटाले का पर्दापश आसानी से हो सकेगा ।

वही मनरेगा में घोटाले के मामले में सीडीओ धर्मेंद्र प्रताप ने बताया कि पूरनपुर ब्लाक के एक गांव में 400 मृतक मजदूरों के नाम पर मनरेगा के पैसा निकाला गया है। मीडिया के माध्यम से जानकारी हुई है।  मामले में जांच DC मनरेगा से दो दिनों में मांगी गई है । जांच के बाद सख्त कार्यवाही की जाएगी।