नगर निगम मुख्यालय के सभागार में हुई सफाई कर्मचारियों की कार्यशाला

सफाईकर्मियों को मैनहोल में काम करते वक्त की सावधानियों के बारे में किया जागरूक

 
municipal headquarters

गाजियाबाद। कोरोना काल के समय फ्रंटलाइन वर्कर की भूमिका में काम करने वाले सफाई कर्मचारी हमेशा अपनी जान जोखिम में डालकर शहर को साफ रखने का काम करते हैं, कई बार ऐसी घटनाएं देखने को मिलती हैं, जब सीवर की सफाई या फिर मैनहोल में दम घुटने के कारण सफाई कर्मी की जान चली जाती है, कई बार इसकी वजह लापरवाही तो कई बार इसके पीछे का कारण सुरक्षा किट की कमी भी होती है।

दरअसल... गाजियाबाद नगर निगम मुख्यालय के सभागार में सफाई कर्मचारियों की कार्यशाला का आयोजन किया गया जिसमें सफाईकर्मियों को मैनहोल अथवा सीवर में काम करते वक्त की सावधानियों के बारे में जागरूक किया गया। इसके साथ ही सफाई कर्मचारियों की ओर इक्विपमेंट का अत्याधिक इस्तेमाल करने की हिदायत भी दी गई, जिन सफाई कर्मचारियों ने उत्कृष्ट कार्य किया उनको प्रोत्साहन के लिए सर्टिफिकेट भी दिए गए।

कार्यक्रम को संचालन कर रही अलका अवस्थी ने बताया कि कर्मचारियों को मुश्किल के वक्त सबसे पहले क्या करें इसकी ट्रेनिंग दी गई, वक्त रहते कैसे कर्मचारी खुद को मैनहोल या सीवर से बाहर निकाले इसके लिए एक सेशन रखा गया। वहीं, एक सफाई कर्मी ने जानकारी देते हुए बताया कि शुरुआत में काफी ज्यादा डर लगता था, कई बार मैनहोल में गैस पाई जाती है। ये गैस सेहत के लिए बहुत खराब होती है और इंसान को बेहोश कर देती है। अगर वे इस गैस में ज्यादा देर काम करेंगे तो दम घुटने जैसी समस्याएं होने लगती हैं। इस कारण से ही अब वे जब भी सीवर या मैनहोल में उतरते हैं तो सबसे पहले अपने सिक्योरिटी इंचार्ज को सूचित करते हैं।