जैसलमेर में सरपंच संघ ने पंचायतीराज मंत्री मीणा के खिलाफ खोला मोर्चा, पद से हटाने की उठाई मांग

पंचायती राज मंत्री टिप्पणी से सरपंच संघ आहत

 
JAISHALMER

रिपोर्टः चंद्रभान सोलंकी

जैसलमेर। पंचायती राज विभाग की वादाखिलाफी के कारण सरपंच संघ के प्रतिनिधि मंडल सोमवार को जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय पहुंचा। जहां जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया। जिसमें उन्होंने बताया कि नरेगा के साथ ही अन्य भी कई मांगों को लेकर राज्य सरकार के पंचायती राज मंत्री और सरपंच संघ के मध्य समझौता हुए काफी समय हो गया लेकिन समझौते के तहत निर्धारित शर्तों का अभी तक क्रियान्वयन नहीं हुआ है। जिससे सरपंच संघ में भारी आक्रोश है।

सरपंच संघ का कहना है कि अगर राज्य सरकार उनकी मांगे शीघ्र स्वीकार नहीं करती है तो वे आगामी 5 अगस्त को जयपुर में महापड़ाव करेंगे। जिसकी समस्त जिम्मेदारी राज्य सरकार की होगी। इसी के साथ प्रतिनिधिमंडल ने पंचायती राज मंत्री रमेश मीणा पर आरोप लगाते हुए बताया कि बीते दिनों मंत्री द्वारा नागौर क्षेत्र का दौरा किया गया था और इस दौरान मंत्री ने सरपंचो पर नरेगा मे अनियमितताओं व घोटालों के आरोप लगाए गए थे जो कि निराधार है जिससे सरपंच संघ में काफी आक्रोश व्याप्त है। जिसको लेकर उन्होंने मुख्यमंत्री से पंचायती राज मंत्री रमेश मीणा को उनके पद से हटाने की भी मांग रखी। वही पंचायती राज मंत्री मीणा के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की गई।

दरअसल पंचायती राज विभाग एवं राज्य सरपंच संघ के मध्य 21 मार्च 2022 को हुए समझौते के तहत विभाग द्वारा सरपंच संघ को आश्वस्त किया गया था कि उनकी मांगें स्वीकार कर ली गई है लेकिन सरपंच संघ की मांगों को 4 महीने बीत जाने के बावजूद अभी तक क्रियान्वित नहीं किया गया है जिससे सरपंच संघ में काफी आक्रोश है।