बाराबंकीः देहदानी महिला का इलाज के दौरान निधन, लोगों ने नम आंखों से दी अंतिम विदाई

21 जुलाई को हुआ था ब्रेन हेमरेज

 
बाराबंकी

  • रिपोर्टः कपिल सिंह

बाराबंकी। हरख निवासी 75 वर्षीय देहदानी महिला का 2 सप्ताह तक चले इलाज के बाद शनिवार को निधन हो गया। उनकी मौत की खबर पाकर जनप्रतिनिधियों समेत तमाम क्षेत्रवासियों ने उनके पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रधांजलि देकर उन्हें नमन किया। दोपहर में हरख गांव पहुंची केजीएमयू की चार सदस्यीय टीम उनका पार्थिव शरीर अपने साथ ले गई। मौके पर मौजूद लोगों ने उन्हें नम आंखों से अंतिम विदाई दी।

भारतीय किसान यूनियन टिकैत के जिलाध्यक्ष अनुपम वर्मा की माता मनोरमा देवी को बीते माह 21 जुलाई को ब्रेन हेमरेज हुआ था। जिन्हें इलाज के लिए हिन्द मेडिकल कॉलेज सफेदाबाद में आईसीयू वार्ड में भर्ती कराया गया था। 15 दिन तक चले इलाज से उनकी सेहत में कोई सुधार नहीं हुआ और 6 अगस्त को उनका निधन हो गया। बताया जा रहा है कि मौत से पूर्व उन्होंने भाकियू द्वारा चलाए जा रहे नेत्रदान और देहदान की मुहिम से जुड़कर देहदान का संकल्प लिया था। भाकियू महामंत्री हौसिला प्रसाद ने मनोरमा देवी की मौत की सूचना केजीएमयू के एनाटॉमी विभाग को दी। देहदानी कि मौत की खबर सुनकर तमाम जनप्रतिनिधियों सहित क्षेत्रवासियों ने हरख गांव पहुंचकर उनके अंतिम दर्शन कर उनके पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धाजंलि दी।

किंग जार्ज मेड़किलन कॉलेज से प्रदीप वर्मा के नेतृत्व में आई चार सदस्यीय टीम उनका पार्थिव शरीर अपने साथ ले गई। भाकियू पदाधिकारियों ने उनके पार्थिव शरीर को कंधा दिया। इस दौरान मनोरमा देवी अमर रहें के नारे गूंजते रहे। सभी ने नम आंखों से उन्हें अंतिम विदाई दी। देहदान जैसे साहसिक और सराहनीय निर्णय को लेकर बेटे और भाकियू जिलाध्यक्ष अनुपम वर्मा ने कहा कि उनकी मां के शरीर से मेडिकल के छात्र अपनी शिक्षा पूरी कर देश और राष्ट्र की सेवा करेंगे।