कृषि मंत्री ने प्रदेश में वर्षा और खरीफ फसल की बुआई को लेकर की बैठक, दिए ये निर्देश

अधिक दर पर उर्वरक बेचने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने के दिए आदेश

 
लखनऊ

लखनऊ। प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने अपने विधानसभा के कार्यालय कक्ष में प्रदेश में वर्षा और खरीफ फसल की बुआई की अद्यतन स्थिति के संबंध में बैठक की। उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक जनपद में कृषि विज्ञान केन्द्रों, कृषि विश्वविद्यालयों, कृषि वैज्ञानिकों के माध्यम से किसानों से सतत संवाद बनाए रखें ताकि उन्हें सही जानकारी उपलब्ध हो। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी जिलों में कृषि फसलों की मैपिंग कराकर फसल बुआई का विवरण तैयार कराया जाए। फसल बुआई की विस्तृत जानकारी के लिए पोर्टल बनाया जाए।

कृषि मंत्री शाही ने मंडलवार एवं जनपदवार वर्षा और खरीफ फसल की बुआई की जानकारी अधिकारियों से ली। उन्होंने कहा कि वर्षा की स्थिति और खरीफ फसल की बुआई की सटीक जानकारी के लिए वैज्ञानिक तकनीकों का इस्तेमाल किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि विभिन्न फसलों की बुआई का आंकड़ा तैयार किया जाए। इसके लिए संबंधित अधिकारी गांव में जाकर फसल की बुआई का सही आंकड़ा लेकर प्रस्तुत करें। ऐप के माध्यम से इसकी मॉनिटरिंग की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि अपने उत्तरदायित्वों का पालन सही से करे। इसमें किसी प्रकार ही हीलाहवाली न की जाए।

कृषि मंत्री शाही ने निर्देश दिए कि जहां फसल की बुवाई कम हुई है वहां पर बुआई का कार्य पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को किस समय में कौन सी फसल बोने की जानकारी कृषि अधिकारियों द्वारा विभिन्न माध्यमों से दी जाए जिससे उन्हें मौसम के मुताबिक कौन सी फसल लगाना है। इसकी जानकारी मिल सके। उर्वरक को तय कीमत से अधिक पर बेचने वाले लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए. और ऐसे लोगों को दिया गया लाइसेंस निरस्त किया जाए।

शाही ने निर्देश दिए कि आजादी के अमृत महोत्सव के अंतर्गत ब्लॉक स्तर और जनपद स्तर पर झंडा लगाने का कार्य किया जाए। इसके अलावा प्रत्येक ब्लॉक से कृषि में अच्छा कार्य करने वाले किसानों को चिन्हित किया जाए और उनका एक डाटा तैयार किया जाए। जिससे कि ऐसे किसानों को प्रोत्साहित करते हुए और अन्य किसानों को प्रेरित किया जा सके।