किसानों, व्यापारियों और घरेलू विद्युत उपभोक्ताओं को सरकार का तोहफा

ऊर्जा विभाग ने लागू की 100 प्रतिशत अधिभार पर छूट वाली एकमुश्त समाधान योजना

 
Energy Department

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल से जनता की सुविधा के लिए ऊर्जा विभाग द्वारा एकमुश्त समाधान योजना लागू की गए है। जो 1 जून से प्रारम्भ होकर 30 जून 2022 तक लागू रहेगी। ये घोषणा प्रदेश के ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने की है। एके शर्मा ने बताया है कि इस योजना में घरेलू उपभोक्ताओं, किसानों का विशेष ध्यान रखा गया है। योजना के तहत घरेलू विद्युत पंखा (एलएमवी-1, समस्त विद्युत भार) एवं निजी नलकूप (एलएमवी-5, समस्त विद्युत भार) वाणिज्यिक उपभोक्ता (एलएमवी-2), के 5 किलोवाट भार तक के उपभोक्ताओं को सरचार्ज राशि पर 100 प्रतिशत की छूट दी गई है। साथ ही उपभोक्ताओं को एक लाख तक के बकाए पर अधिकतम 6 किस्तों और एक लाख से अधिक बकाए पर उपभोक्ताओं को अधिकतम 12 किश्तों में भुगतान की सुविधा का विकल्प भी दिया गया है।

शर्मा ने बताया कि विभाग ने घरेलू विद्युत उपभोक्ताओं, किसानों (निजी नलकूप) और व्यापारियों के लिए अत्यंत लाभकारी और सुविधा जनक योजना प्रारम्भ की है। इस योजना में सभी अर्ह उपभोक्ताओं को 30 अप्रैल 2022 तक उनके देय सरचार्ज में छूट प्राप्त होगी। उपभोक्ता योजना अवधि में छूट के बाद देय धनराशि 30 अप्रैल 2022 तक का बकाया एवं वर्तमान बकाए का सीधा भुगतान कलेक्शन काउंटर, विद्युत कार्यालय, जन सुविधा केंद्र या वेबसाइट पर ऑनलाइन भुगतान कर इस छूट का लाभ ले सकते हैं।

उपभोक्ता उत्तर प्रदेश पावर कॉर्पोरेशन की वेबसाइट पर जाकर योजना के तहत छूट के बाद देय बकाया राशि की जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकते है। बिल पर लिखा खाता संख्या फीड करते ही उपभोक्ता को समस्त विवरण समेत देय धनराशि, मूल बिल धनराशि, सरचार्ज में छूट, भुगतान के लिए राशि आदि प्रदर्शित होगी। उपभोक्ता के बिल में अगर संशोधन आवश्यक है तो योजना अवधि में अपने क्षेत्र से संबंधित अधिशासी अभियंता और एसडीओ कार्यालय अथवा ग्रामीण क्षेत्रों में सीएससी केन्द्रों पर जाकर या स्वयं भी उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन की वेबसाइट पर जाकर स्वयं को रजिस्टर कर बिल संशोधन का अनुरोध दर्ज कर सकता है। उपभोक्ता स्वयं भी अपना संशोधित बिल वेबसाइट पर देख सकता है।

योजना के तहत ऐसे नियमित विद्युत संयोजन वाले उपभोक्ता भी अर्ह होंगे जिनके परिसर में चेकिंग के दौरान अनियमितता पाए जाने पर उनके खिलाफ राजस्व निर्धारण कर बिल जारी किया गया है। इसी तरह स्थाई रूप से बकायेदारों के मामले और विवादित एवं विभिन्न न्यायालयों में लंबित मामले भी समाधान के लिए अर्ह होंगे।

प्रमुख सचिव ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत एम देवराज ने अधिकारियों एवं कार्मिकों को निर्देशित किया हैं कि उपभोक्ताओं को इस योजना का व्यापक लाभ मिल सके, इसके लिए योजना का स्थानीय स्तर पर व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, साथ ही बकायेदार उपभोक्ताओं से संपर्क करके उन्हें लाभ दिलाया जाए और बिल संशोधन के लिए लगातार कैम्पों का आयोजन भी किया जाए। ऊर्जा मंत्री ने उपभोक्ताओं से अपील की है कि इस योजना का शीघ्र लाभ लेकर अपना बकाया जमा कर दें। उन्होंने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ये उपभोक्ताओं के लिए एक सुनहरा अवसर हैं।