भारत के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने आज नई दिल्ली में लिकटेंस्टाइन के वंशानुगत राजकुमार एलोइस (Alois) से मुलाकात की। इस बैठक में भारत और लिकटेंस्टाइन के बीच आर्थिक एवं व्यापारिक संबंधों को और मजबूत बनाने पर चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने भारत-ईएफटीए व्यापार एवं आर्थिक साझेदारी समझौते (TEPA) के तहत सहयोग बढ़ाने की संभावनाओं पर भी विचार किया।
पीयूष गोयल ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए बैठक की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि भारत और लिकटेंस्टाइन के बीच आर्थिक सहयोग को विस्तार देना दोनों देशों के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने भारत-ईएफटीए समझौते के तहत 100 अरब डॉलर की निवेश प्रतिबद्धता को भी दोनों पक्षों की साझा महत्वाकांक्षा का प्रतीक बताया।
भारत-लिकटेंस्टाइन व्यापारिक संबंध मजबूत करने पर जोर
बैठक का प्रमुख उद्देश्य दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश संबंधों को नई गति देना रहा। चर्चा में भारत-ईएफटीए व्यापार एवं आर्थिक साझेदारी समझौते के अंतर्गत सहयोग बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया गया।
इस समझौते के माध्यम से निवेश संबंधों को गहरा करने, आर्थिक विकास को बढ़ावा देने और कारोबारियों के लिए नए अवसर तैयार करने की संभावनाओं पर जोर दिया गया। पीयूष गोयल के अनुसार, दोनों पक्षों की साझा प्रतिबद्धता आर्थिक साझेदारी को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभा सकती है।
भारत-ईएफटीए समझौते के तहत 100 अरब डॉलर की प्रतिबद्धता
पीयूष गोयल ने भारत-ईएफटीए TEPA के तहत 100 अरब डॉलर की निवेश प्रतिबद्धता का उल्लेख करते हुए कहा कि यह निवेश संबंधों को मजबूत करने और विकास को प्रोत्साहित करने के साझा लक्ष्य को दर्शाती है।
इस प्रतिबद्धता को कारोबारियों के लिए बड़े अवसर पैदा करने और दोनों पक्षों के बीच आर्थिक संपर्क बढ़ाने के लिहाज से महत्वपूर्ण बताया गया। बैठक में व्यापारिक सहयोग के साथ-साथ निवेश के लिए संभावनाओं को विस्तार देने पर भी चर्चा हुई।
निवेश अनुकूल कारोबारी माहौल पर भारत का जोर
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री ने भारत में निवेश के अनुकूल कारोबारी माहौल बनाने के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों को भी रेखांकित किया। उन्होंने कारोबार करने में आसानी यानी ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस’ को बेहतर बनाने के उद्देश्य से लागू किए जा रहे सुधारों का उल्लेख किया।
भारत सरकार इन सुधारों के जरिए निवेशकों के लिए कारोबारी प्रक्रियाओं को अधिक सुविधाजनक बनाने और निवेश के अवसर बढ़ाने पर जोर दे रही है।
पीयूष गोयल और प्रिंस एलोइस की यह मुलाकात भारत-लिकटेंस्टाइन आर्थिक संबंधों को मजबूत करने तथा भारत-ईएफटीए समझौते के तहत सहयोग को आगे बढ़ाने के प्रयासों का हिस्सा रही।
