भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने संयुक्त अरब अमीरात और फ्रांस के विदेश मंत्रियों के साथ न्यूयॉर्क में भारत-UAE-फ्रांस त्रिपक्षीय बैठक में हिस्सा लिया। संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के इतर हुई बैठक में तीनों देशों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), अंतरिक्ष, स्वास्थ्य विज्ञान, ऊर्जा और संस्कृति के क्षेत्र में सहयोग को आगे बढ़ाने पर चर्चा की।
बैठक में UAE के विदेश मंत्री शेख अब्दुल्ला बिन जायद अल नाहयान और फ्रांस के विदेश मंत्री जीन-नोएल बैरोट शामिल हुए। तीनों मंत्रियों ने आपसी हित वाले क्षेत्रों में त्रिपक्षीय सहयोग की प्रगति की समीक्षा की और मौजूदा साझेदारी को और विस्तार देने के तरीकों पर विचार किया।
AI और अंतरिक्ष सहयोग पर जोर
विदेश मंत्रालय के अनुसार, बैठक में अंतरिक्ष, ऊर्जा, AI तथा संस्कृति और विरासत से जुड़े क्षेत्रों में अब तक हुई प्रगति पर चर्चा हुई। तीनों देशों के बीच सहयोग के इन क्षेत्रों को भविष्य की साझेदारी के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
स्वास्थ्य विज्ञान को भी त्रिपक्षीय सहयोग के एजेंडे में शामिल किया गया। बैठक में संबंधित क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने और नई संभावनाओं पर आगे काम करने की जरूरत पर जोर दिया गया।
पश्चिम एशिया की स्थिति पर भी चर्चा
तीनों विदेश मंत्रियों ने पश्चिम एशिया की मौजूदा स्थिति पर भी विचार साझा किए। हालांकि, विदेश मंत्रालय के बयान में इस विषय पर चर्चा के अतिरिक्त विस्तृत जानकारी नहीं दी गई।
बैठक के दौरान भारत, फ्रांस और UAE के बीच पहले से मौजूद मैत्रीपूर्ण संबंधों को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई गई। तीनों पक्षों ने आपसी हित के क्षेत्रों में त्रिपक्षीय सहयोग को और व्यापक बनाने पर जोर दिया।
भारत-UAE-फ्रांस त्रिपक्षीय ढांचा तीनों देशों को रणनीतिक और आर्थिक हितों से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में साथ काम करने का मंच प्रदान करता है। न्यूयॉर्क में हुई यह बैठक AI, अंतरिक्ष, ऊर्जा, स्वास्थ्य और संस्कृति जैसे क्षेत्रों में भविष्य के सहयोग की दिशा पर केंद्रित रही।
